महेश्वर ब्लॉक के गुलावड़ जनशिक्षा केंद्र का मामला, वोटर सर्वे के नाम पर स्कूल बंद
जामनिया। प्रभु रंसोरे | The India Speaks
ग्राम जामनिया, जो महेश्वर विकासखंड के गुलावड़ जनशिक्षा केंद्र के अंतर्गत आता है, वहाँ शिक्षा व्यवस्था पूरी तरह राम भरोसे नजर आई। नवम्बर माह के पहले ही दिन प्राथमिक और माध्यमिक विद्यालय दोनों में न तो कोई छात्र उपस्थित था और न ही अधिकांश शिक्षक।
मौके पर जब The India Speaks की टीम पहुंची, तो प्राथमिक स्कूल का गेट खुला मिला लेकिन कक्षाओं में सन्नाटा पसरा था। न एक भी बच्चा मौजूद था और न ही प्राथमिक शिक्षक। पूछताछ करने पर माध्यमिक विद्यालय के शिक्षक ने बताया कि प्राथमिक शिक्षक “वोटर आईडी सर्वे” पर गए हुए हैं।
“प्राथमिक विद्यालय में केवल एक ही शिक्षक है, जो वोटर लिस्ट सर्वे के नाम पर गैरहाजिर हैं।”
— स्थानीय शिक्षक, जामनिया स्कूल
मौके पर यह भी पाया गया कि स्कूल उपस्थिति रजिस्टर में किसी भी बच्चे की उपस्थिति या अनुपस्थिति दर्ज नहीं की गई थी। शिक्षक का कहना था कि “सभी बच्चे शादी में गए हैं, बाद में उपस्थिति भर देंगे।” यह रवैया शिक्षा विभाग के नियमों और बच्चों के अधिकारों, दोनों के साथ खिलवाड़ है।
ग्राम जामनिया के ये हाल इस बात का संकेत हैं कि गांवों में शिक्षा व्यवस्था कितनी उपेक्षित है। गरीब परिवारों के बच्चे, जिनका भविष्य स्कूलों पर निर्भर है, अब प्रशासनिक लापरवाही की भेंट चढ़ रहे हैं। अब देखने वाली बात यह होगी कि शिक्षा विभाग के जिम्मेदार अधिकारी इस पूरे मामले पर क्या कार्रवाई करते हैं।












