5 मौतों के बाद भी प्रशासन मौन: नियमों की धज्जियां उड़ाता ‘दूध का टैंकर’, जो किसी भी पल फट सकता है!
बड़वाह/कदवालिया (खरगोन)। लोकेश कोचले | The India Speaks
बड़वाह में पाँच जिंदगियों की ‘बलि’ और जिलाधिकारी के प्रतिबंध आदेश के बावजूद, सड़कों पर मौत का खेल जारी है! मेसर्स KEC International Limited की कदवालिया खनन साइट पर डीजल की सप्लाई में जानलेवा धोखाधड़ी हो रही है, जिसने सुरक्षा और कानून दोनों को ताक पर रख दिया है।
यह तस्वीर (टैंकर नंबर: UP 63 G 0126) उस जानलेवा लापरवाही का सबूत है, जिसे खनन माफिया खुलेआम अंजाम दे रहा है।
डीजल नहीं, यह ‘चलती-फिरती आग’ है! 6-7 KM के सफर में सैकड़ों लोगों की जान को खतरा
इस टैंकर में भरी ज्वलनशील सामग्री सैकड़ों लोगों की जान को खतरे में डाल रही है। दिनांक 09 अक्टूबर 2025 की रात करीब 8 बजे इसे अंशिका फिलिंग स्टेशन (काटकूट फाटा, बड़वाह) पर डीजल भरवाते हुए पाया गया था।
डीजल भरने के बाद, यह ‘टाइम बम’ बना टैंकर करीब 6 से 7 किलोमीटर का सफर तय करता है। यह इंदौर-इच्छापुर स्टेट हाईवे से गुजरता है और बागफल तथा मनिहार जैसे घनी आबादी वाले दो गांवों से होते हुए सीधे खनन साइट पर पहुँचता है।
यह टैंकर निम्नलिखित नियमों की अवहेलना कर रहा है:
📞 7772828778 | 7723024600
- नियमों की अनदेखी: डीजल टैंकर पर डेंजर साइन बोर्ड (खतरे का निशान) नहीं है, जो PESO (पेट्रोलियम सुरक्षा) नियमों का सीधा उल्लंघन है।
- सुरक्षा का मज़ाक: इसमें प्रेशर रिलीज वाल्व नहीं लगा है, जिसका मतलब है कि ज्वलनशील पदार्थ दबाव में आकर किसी भी क्षण फट सकता है, जिससे कई किलोमीटर दूर तक विनाश हो सकता है।
- अवैध परिवहन: इसके पास PESO लाइसेंस और वैध परिवहन परमिट नहीं है, जो साफ़ तौर पर सरकारी राजस्व की चोरी और ईंधन की गुणवत्ता में मिलावट को दर्शाता है।
5 मौतों के बाद भी प्रशासन को और कितने ‘बलिदान’ चाहिए?
बड़वाह की सड़कों पर हाल ही में चार युवाओं और एक बुजुर्ग की मौत हुई है। प्रशासन ने आनन-फानन में भारी वाहनों पर प्रतिबंध का आदेश तो दिया, लेकिन क्या KEC International जैसी कंपनी को इस तरह की जानलेवा लापरवाही करने की खुली छूट है?
हम पूछते हैं: क्या प्रशासन उस भयानक मंजर का इंतजार कर रहा है, जब यह ‘दूध का टैंकर’ किसी गांव या हाईवे पर फट जाए और बड़वाह की सड़कों पर एक साथ कई लाशें बिछ जाएं?
बड़ी दुर्घटना होने से पहले हो कार्यवाही
KEC International के पास भले ही मुरूम खनन की अनुमति हो, लेकिन यह धोखाधड़ी और जानलेवा लापरवाही माफी के काबिल नहीं है। जिलाधिकारी को तुरंत कार्रवाई करनी चाहिए:
- तत्काल ज़ब्ती: UP 63 G 0126 नंबर वाले इस टैंकर और अवैध डीजल को तुरंत ज़ब्त कर PESO अधिनियम के तहत मालिक और ड्राइवर पर कड़ी कानूनी कार्रवाई हो।
- अनुमति रद्द: KEC International Limited की अवैध गतिविधियों और सुरक्षा मानकों की अवहेलना के लिए तत्काल खनन अनुमति को रद्द किया जाए।
- सड़क मरम्मत: इंदौर-इच्छापुर, महेश्वर रोड और काटकूट रोड पर जानलेवा गड्ढों को युद्धस्तर पर भरने का काम शुरू हो, वरना यह प्रतिबंध भी अधूरा है।
बड़वाह अब और ‘बलिदान’ नहीं देगा। प्रशासन को यह जानलेवा खेल तुरंत रोकना होगा!












