बड़वाह के ज्योतिर्मय विद्यालय में रक्षाबंधन पर बच्चों के चेहरे खिले, समिति ने दिया संस्कार और सुरक्षा का संदेश
बड़वाह | खरगोन | The India Speaks
रक्षाबंधन के पावन अवसर पर बड़वाह स्थित ज्योतिर्मय मुकबधीर एवं मंदबुद्धि विद्यालय में कुटुम्ब आश्रम समिति द्वारा एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें लगभग 60 दिव्यांग छात्रों के साथ रक्षाबंधन उत्सव मनाया गया। यह आयोजन केवल एक पर्व नहीं, बल्कि संवेदना, स्नेह और सेवा का जीवंत उदाहरण बनकर सामने आया।
तिलक, रक्षा सूत्र और मुस्कुराते चेहरे
कार्यक्रम की शुरुआत वरिष्ठ जनसेवक मा. संकल्प चौधरी के नेतृत्व में हुई, जहां सभी बच्चों को कुमकुम-चंदन तिलक लगाकर रक्षा सूत्र बांधे गए। बच्चों के चेहरों पर खुशी देखते ही बन रही थी। इसके पश्चात सभी को फल, मिठाई और नमकीन वितरित किए गए।
सम्मान, प्रेरणा और समर्पण की मिसाल


कार्यक्रम में मुख्य अतिथि विद्यालय संचालिका मा. प्रेमलता तिवारी थीं, जबकि विशेष अतिथियों में प्राचार्य पूजा तंवर एवं शिक्षक क्षितिज दुबे उपस्थित रहे। संस्था की प्रेरणास्रोत मा. शोभा चौधरी ने संस्था के उद्देश्य, उपलब्धियों और जनकल्याणकारी कार्यों पर प्रकाश डाला।
शाला के शिक्षकों का स्वागत जय श्रीराम के धार्मिक केसरिया दुपट्टों से गायिका गुरमीत होरा, जया खंडेलवाल और किरणलता कुमेकर द्वारा किया गया।
संस्था की अध्यक्ष सुश्री अश्विनी चौधरी ने कुटुम्ब आश्रम समिति की आगामी योजनाओं और सेवाभावी कार्यों की रूपरेखा प्रस्तुत की।
जनसेवा की लंबी परंपरा
कार्यक्रम में बताया गया कि संस्था पिछले 15 वर्षों से गरीबों को कपड़े, प्रसाद, दैनिक उपयोगी वस्तुएं, बालिकाओं को आत्मरक्षा के गुर, योग शिक्षा और शासन से सम्मानित सेवा कार्य करती आ रही है। संस्था सेवानिवृत्त कर्मचारियों, पत्रकारों, कवियों व समाजसेवियों का भी समय-समय पर सम्मान करती है।
यह संस्था पूर्व अध्यक्ष मा. स्व. हीरालाल सोनी दादा की प्रेरणा से संचालित है, जिन्होंने अपने जीवनकाल में इसे सुश्री अश्विनी चौधरी को सौंपा।
सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने बांधा समा
कार्यक्रम का संचालन जनसेवक पुष्पेंद्र रावल ने किया, जिन्होंने मुरली वादन द्वारा सरस्वती वंदना प्रस्तुत की। कार्यक्रम के अंत में सभी छात्रों व शिक्षकों ने देशभक्ति गीतों पर सामूहिक नृत्य कर वातावरण में जोश भर दिया।
मातृशक्ति गायिका गुरमीत होरा ने कराओके संगीत पर “हम होंगे कामयाब…” गीत प्रस्तुत कर कार्यक्रम को प्रेरणादायक समापन प्रदान किया।
कार्यक्रम का आभार प्रदर्शन प्राचार्य पूजा तंवर ने किया।












