निमाड़ अंचल की लोकसंस्कृति ने राजधानी में बिखेरा रंग
बड़वाह/खरगोन। The India Speaks Desk
दिल्ली स्थित मध्यप्रदेश भवन में आयोजित तीन दिवसीय मध्यप्रदेश उत्सव के दूसरे दिन निमाड़ अंचल की समृद्ध लोकसंस्कृति दर्शकों के सामने जीवंत हो उठी। बड़वाह निवासी श्री संजय महाजन और उनके समूह द्वारा प्रस्तुत सुप्रसिद्ध लोकनृत्य गणगौर ने दर्शकों का मन मोह लिया।
कार्यक्रम के दौरान पारंपरिक वेशभूषा, लोकसंगीत और भाव-भंगिमाओं के माध्यम से गणगौर नृत्य की प्रस्तुति दी गई, जिसने मध्यप्रदेश की सांस्कृतिक विरासत को राजधानी दिल्ली में प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया। दर्शकों ने तालियों की गड़गड़ाहट के साथ कलाकारों का उत्साहवर्धन किया।
18 वर्षों से लोकनृत्य को नई पहचान दे रहे संजय महाजन
उल्लेखनीय है कि बड़वाह के नटेश्वर नृत्य संस्थान के निदेशक श्री संजय महाजन पिछले 18 वर्षों से कथक एवं लोकनृत्य का प्रशिक्षण दे रहे हैं। उन्होंने
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जैसे चर्चित डांस-ड्रामा का निर्देशन किया है। श्री महाजन ने पारंपरिक गणगौर नृत्य को राष्ट्रीय ही नहीं, बल्कि अंतर्राष्ट्रीय मंचों तक पहुंचाने में भी महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
मध्यप्रदेश उत्सव के माध्यम से राज्य की लोककला, लोकनृत्य और सांस्कृतिक धरोहर को देशभर के दर्शकों तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में कला प्रेमी, गणमान्य नागरिक और संस्कृति से जुड़े विशेषज्ञ मौजूद रहे।












