राजेंद्र कैम, करनाल
करनाल: अकादमिक जगत में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि के रूप में डॉ. रीतेश सिन्हा ने घोषणा की है कि उनका शोध पत्र “RIITESH’S SERIES: Mathematical Analysis and Its Validation Using the Golden Ratio” अब एक स्कोपस-इंडेक्स्ड जर्नल प्लेटफॉर्म पर प्रकाशित/फीचर किया गया है। यह उपलब्धि गणित, प्रकृति और दर्शन के बीच अंतर्संबंधों पर केंद्रित उनके बहुविषयक शोध में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है।
अपनी प्रतिक्रिया में डॉ. सिन्हा ने विनम्रता और कृतज्ञता व्यक्त करते हुए कहा कि यह मान्यता संख्याओं, प्राकृतिक संरचनाओं और दार्शनिक विचारों के बीच सामंजस्य में उनके विश्वास को और अधिक सुदृढ़ करती है। यह शोध स्वर्ण अनुपात (Golden Ratio) के माध्यम से गणितीय संरचनाओं का विश्लेषण और उनका प्रमाणीकरण प्रस्तुत करता है, जो शास्त्रीय एवं आधुनिक दोनों दृष्टिकोणों से महत्वपूर्ण है।
शिक्षाविदों और शुभचिंतकों ने इस उपलब्धि को डॉ. सिन्हा की लगन, निरंतर परिश्रम और बौद्धिक दृढ़ता का प्रमाण बताया है। विभिन्न ज्ञान क्षेत्रों को एक साथ जोड़ने के लिए पहचाने जाने वाले डॉ. सिन्हा का कार्य शोधार्थियों और विद्यार्थियों के लिए निरंतर प्रेरणा का स्रोत बना हुआ है।
डॉ. सिन्हा ने अपने मार्गदर्शकों, सहकर्मियों और सभी समर्थकों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए सार्थक, समाजोपयोगी और नवोन्मेषी शोध के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को पुनः दोहराया।












