सनावद | The India Speaks | प्रेम कुंडले की रिपोर्ट
सनावद-बेड़ियां रोड पर इन दिनों एक खतरनाक प्रवृत्ति आम बन गई है — मजदूर भारी मालवाहक लोडिंग वाहनों में जान हथेली पर रखकर सफर कर रहे हैं। ये वाहन न तो सवारी ढोने के लिए बने हैं, न ही अधिकतम यात्रियों की अनुमति है, फिर भी 50 से ज्यादा मजदूर इन वाहनों में ठूंसे जाते हैं और पीछे लटककर यात्रा करने को मजबूर हैं।
🚨 बिना नंबर, बिना बीमा, बिना फिटनेस के दौड़ रहे वाहन
इलाके में कई डंफर और लोडिंग वाहन बिना नंबर प्लेट, बीमा और फिटनेस सर्टिफिकेट के सड़कों पर दौड़ रहे हैं। कई चालकों के पास हैवी लाइसेंस तक नहीं है, इसके बावजूद ये बेरोकटोक माल और मजदूर दोनों ढो रहे हैं।
⚠️ कभी भी हो सकता है बड़ा हादसा
तेज रफ्तार,
📞 7772828778 | 7723024600
ओवरलोडिंग,
और वाहनों की खराब स्थिति — ये सब मिलकर बड़ी दुर्घटनाओं को दावत दे रहे हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि कई बार ऐसे वाहन अनियंत्रित होकर हादसे का शिकार हो चुके हैं, लेकिन इसके बावजूद प्रशासन की नींद नहीं खुली।
🛑 प्रशासनिक मौन: कार्रवाई नहीं, हादसे का इंतज़ार?
परिवहन विभाग और पुलिस प्रशासन ने अब तक कोई सख्त कदम नहीं उठाया है।
बेड़ियां चौकी क्षेत्र से प्रतिदिन ऐसे वाहन गुजरते हैं, लेकिन आज तक किसी पर ठोस कार्यवाही नहीं हुई।
ग्रामीणों का कहना है:
“जब हादसा होता है तो बहाने बनाकर बात टाल दी जाती है। अगर चालानी कार्रवाई हो, तो ऐसे दृश्य रुक सकते हैं।”












