संविधान की प्रस्तावना का सामूहिक वाचन, अधिकारों-कर्तव्यों पर विस्तृत चर्चा
खण्डार। सत्यनारायण शर्मा। The India Speaks Desk
राष्ट्रीय विधि दिवस (संविधान दिवस) के अवसर पर बुधवार, 26 नवंबर 2025 को तालुका विधिक सेवा समिति खण्डार के तत्वाधान में न्यायालय परिसर में विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जयपुर तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, सवाई माधोपुर के निर्देशानुसार आयोजित किया गया।
शिविर का उद्देश्य शिक्षा का अधिकार, मौलिक अधिकार-कर्तव्य, संवैधानिक सशक्तिकरण, तथा नागरिकों के लिए अपनाए जा सकने वाले विधिक उपायों के संबंध में व्यापक जागरूकता फैलाना रहा।
संविधान की प्रस्तावना का वाचन और उसके महत्व पर चर्चा
कार्यक्रम के दौरान रीडर रशीदुद्दीन खान और तालुका लिपिक गणपत सैनी ने संविधान की प्रस्तावना का सामूहिक वाचन कराया।
उन्होंने संविधान की रचना, उसके महत्व और नागरिकों के अधिकारों-कर्तव्यों से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से जानकारी दी।
“संविधान प्रत्येक नागरिक को समानता, स्वतंत्रता और न्याय का अधिकार देता है। इसके साथ ही यह प्रत्येक नागरिक को राष्ट्र के प्रति अपने कर्तव्यों के प्रति सजग रहने की भी प्रेरणा देता है।”
न्यायिक अधिकारियों-कर्मचारियों और अधिवक्ताओं की उपस्थिति
इस अवसर पर तालुका मुख्यालय के समस्त न्यायिक कर्मचारी एवं अधिवक्ता उपस्थित रहे। इनमें मुख्य रूप से—
रीडर रशीदुद्दीन खान, तालुका लिपिक गणपत सैनी, फौजदारी लिपिक मनोज कुमार राठौर, सिविल लिपिक सैयद शाहबाज अली, प्रतिलिपि लिपिक रामदयाल सेन, नाजीर मनीष सेन, पैनल अधिवक्ता नागाराम मीणा, रमेश चंद्र गौतम, अधिवक्ता अंजनी कुमार तेहरिया, ज्ञानसिंह चौधरी, राजूलाल, गजेंद्र, सीताराम सहित अन्य कर्मचारी व अधिवक्ता मौजूद रहे।












