कर्मचारियों की 58 वर्ष सेवा सुरक्षा, समय पर वेतन और ठेका प्रथा समाप्त करने की उठी मांग
सोनीपत। राजेन्द्र कैम | The India Speaks
एचएसवीपी कार्यालय परिसर सेक्टर-15 सोनीपत में 4 दिसंबर 2025 को हरियाणा संयुक्त कर्मचारी मंच, हुड्डा जन स्वास्थ्य कर्मचारी यूनियन नंबर 1266 और हरियाणा कौशल रोजगार निगम कर्मचारी मंच के पदाधिकारियों की संयुक्त बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता मंच के राज्य महासचिव एवं यूनियन नंबर 1266 के प्रदेश अध्यक्ष आर.के. नागर ने की, जबकि संचालन राज्य कोषाध्यक्ष महावीर सिंह नागर ने किया।
बैठक में कर्मचारियों से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा की गई और सरकार से त्वरित कार्रवाई की मांग उठाई गई।
कर्मचारियों की 58 वर्ष सेवा सुरक्षा हेतु पोर्टल खोलने की मांग
नेताओं ने मुख्यमंत्री से अपील की कि हरियाणा कौशल रोजगार निगम के कर्मचारियों की 58 वर्ष सेवा सुरक्षा (Service Security) के लिए आवश्यक गारंटी पत्र जारी करने हेतु संबंधित पोर्टल तुरंत प्रभाव से खोला जाए ताकि कर्मचारियों के रिकॉर्ड अपलोड हो सकें और जल्द ज्वाइनिंग प्रक्रिया शुरू की जा सके
कर्मचारियों के अनुसार इस महीने की अप्रूवल रोक दी गई है, जिससे हजारों गरीब कर्मचारियों की सैलरी अटकी हुई है। नेताओं ने चेतावनी देते हुए कहा कि:
“यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो यूनियन सरकार के विरुद्ध बड़े स्तर पर धरना-प्रदर्शन और पंचकूला में रैली करने को बाध्य होगी।”
एचएसवीपी अधिकारियों के साथ हुई 30 अक्टूबर की बैठक की प्रोसिडिंग जारी करने की मांग
नेताओं ने कहा कि 30 अक्टूबर 2025 को HSVP के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ हुई वार्ता की प्रोसिडिंग अब तक जारी नहीं की गई है, जिससे कर्मचारी असमंजस में हैं। उन्होंने सरकार से तत्काल सभी लेटर/ऑर्डर जारी करने की मांग की।
कर्मचारी संगठनों ने कहा कि भ्रष्टाचार के मामलों की शिकायतें बढ़ रही हैं, जिनकी निष्पक्ष और शीघ्र जांच आवश्यक है। साथ ही हरियाणा कौशल रोजगार निगम के कर्मचारियों का वेतन समय पर जारी करने की मांग भी उठाई गई।
एचएसवीपी के कच्चे कर्मचारियों को कौशल रोजगार निगम में समायोजित करने की मांग
नेताओं ने बताया कि एचएसवीपी में 15–20 वर्षों से कार्यरत कच्चे कर्मचारी ठेकेदारों के कारण शोषण का शिकार हो रहे हैं।
कम वेतन, EPF-ESI का जमा न होना और मनमानी ड्यूटी प्रमुख समस्याएं हैं।
इसलिए यूनियन ने मांग की:
“ठेका प्रथा तुरंत समाप्त की जाए और कच्चे कर्मचारियों के रिकॉर्ड को कौशल रोजगार निगम के पोर्टल पर अपलोड करवाकर उन्हें समायोजित किया जाए।”
पेंशनरों की बढ़ोतरी, DA/DR एरियर और श्रम कानून वापस लेने की मांग
बैठक में निम्नलिखित प्रमुख मांगें भी रखी गईं—
70 वर्ष की आयु में पेंशन में 10%,
75 वर्ष में 15%,
80 वर्ष में 20% वृद्धि की जाए।
कोविड काल के 18 महीने के रोके गए DA और DR का एरियर तुरंत जारी किया जाए।
नए चार श्रम कानून कोड वापस लिए जाएं।
“संचार साथी एप” लागू न किया जाए, क्योंकि इससे कर्मचारियों की निजता (Privacy) प्रभावित होगी।
सभा में सर्वश्री महावीर सिंह नागर, ध्रुव कुमार, सुरेंद्र रंगा, समेश कुमार, सतीश शर्मा, सुरेश रोहिल्ला, टीनू मदान, राजकुमार, योगेश नागर, विनोद कुमार, सुनील चौहान, राकेश कुमार योगी, महेंद्र शर्मा सहित अन्य पदाधिकारियों ने भाग लिया।












