गुरु अर्जन देव जी के शहादत दिवस पर श्रद्धा, सेवा और मानवता का संदेश
बड़वाह | The India Speaks Desk
सिखों के पांचवें गुरु, शहीदों के सरताज और मानवता, त्याग तथा सेवा के प्रतीक श्री गुरु अर्जन देव साहिब जी के शहादत दिवस पर बड़वाह में श्रद्धा एवं सेवा भाव से छबील वितरण का आयोजन किया गया। नर्मदा रोड स्थित रोकड़िया परिवार के निवास के सामने आयोजित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और राहगीरों ने शीतल पेय ग्रहण कर गुरु साहिब को श्रद्धांजलि अर्पित की।
श्री गुरु सिंह सभा बड़वाह प्रबंधन समिति के अध्यक्ष सरदार सुरेंद्र सिंह भाटिया ने कहा कि श्री गुरु अर्जन देव साहिब जी महान कवि, लेखक, समाज सुधारक, देशभक्त और परोपकारी संत थे। उनका जीवन सहजता, पराक्रम, ज्ञान और सेवा का अद्भुत संगम था। उन्होंने धर्म और मानवता की रक्षा के लिए असहनीय यातनाएं सहन कीं, लेकिन अपने सिद्धांतों से कभी समझौता नहीं किया। तपते तवे पर बैठकर और गर्म रेत की यातना सहकर भी उन्होंने ईश्वर की इच्छा को मीठा मानते हुए शहादत को स्वीकार किया।
समिति के सचिव सरदार परविंदर सिंह एवं सरदार गुलबीर सिंह ने बताया कि गुरु अर्जन देव जी के शहादत दिवस पर बड़वाह सिख समाज द्वारा प्रतिवर्ष छबील का आयोजन किया जाता है। इस परंपरा के माध्यम से सेवा, समर्पण और मानवता का संदेश समाज तक पहुंचाया जाता है।
समिति के मीडिया प्रभारी सरदार सतविंदर सिंह भाटिया ने बताया कि पंचम गुरु श्री गुरु अर्जन देव जी के सिद्धांतों से प्रेरणा लेकर बड़वाह की सिख संगत कई वर्षों से छबील वितरण का आयोजन करती आ रही है। इस वर्ष का आयोजन सरदार गुलबीर सिंह भाटिया एवं निलेश रोकड़िया परिवार द्वारा किया गया।
कार्यक्रम के दौरान श्रद्धालुओं एवं राहगीरों ने आयोजन की सराहना करते हुए इसे सामाजिक सद्भाव और सांप्रदायिक एकता की उत्कृष्ट पहल बताया।
इस अवसर पर हरविंदर सिंह, जितेंद्र सिंह, रविंदर सिंह, जसबीर सिंह, हरभजन सिंह, त्रिलोचन सिंह, गुरुबख्श सिंह सहित रोकड़िया मित्र मंडल के सदस्य एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।












