मजदूरों ने प्रशासन को सौंपा ज्ञापन | श्रम अधिकारी ने भेजा लेबर इंस्पेक्टर | कंपनी पर होगी कार्यवाही
बड़वाह। The India Speaks Desk
Flexi Fusion System Pvt. Ltd. बड़वाह में मजदूरों की हड़ताल का मामला अब प्रशासन तक पहुँच गया है। मजदूरों ने कल स्थानीय प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर मांग की कि उन्हें समय पर वेतन दिलवाया जाए और साथ ही PF, ESIC व सुरक्षा उपकरण जैसी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं।
द इंडिया स्पीक्स की खबर का असर
इस मामले में The India Speaks द्वारा प्रकाशित खबर का सीधा असर हुआ है। जिला श्रम अधिकारी श्री रविन्द्र दुबे (खरगोन) से जब The India Speaks ने फोन पर बात की तो उन्होंने कहा की:
“हमें इस मामले की जानकारी The India Speaks की खबर से ही मिली। तुरंत लेबर इंस्पेक्टर श्री सुदीप सिंह अलावा को निरीक्षण के लिए भेजा गया है। सत्यता मिलने पर कंपनी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।”
– रविन्द्र दुबे, जिला श्रम अधिकारी, खरगोन
लेबर इंस्पेक्टर का बयान – “कंपनी पर होगी कार्रवाई”
निरीक्षण के बाद लेबर इंस्पेक्टर श्री सुदीप सिंह अलावा ने भी मजदूरों के आरोपों की पुष्टि करते हुए कार्रवाई की बात कही।
“हमने मजदूरों से बात की है। बकाया वेतन और सुविधाओं को लेकर Flexi Fusion Pvt. Ltd. के खिलाफ कार्यवाही की जाएगी।”
– सुदीप सिंह अलावा, लेबर इंस्पेक्टर
मजदूरों के अधिकार और कंपनियों की जिम्मेदारियां (श्रम कानून)
इस विवाद ने मजदूरों के मूलभूत अधिकारों पर भी बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। भारत के श्रम कानूनों के मुताबिक:
89 दिन नियम: 89 दिन लगातार काम करने वाले मजदूर को स्थायी करना अनिवार्य।
वेतन भुगतान: हर माह समय पर तनख्वाह देना कंपनी की जिम्मेदारी।
न्यूनतम वेतन: राज्य सरकार द्वारा तय न्यूनतम वेतन से कम भुगतान गैरकानूनी।
PF (प्रॉविडेंट फंड): 20 से अधिक कर्मचारी वाली कंपनी को PF सुविधा देना अनिवार्य।
ESIC: 10 या अधिक कर्मचारी होने पर और ₹21,000/- से कम सैलरी वालों को ESIC का लाभ देना जरूरी।
सुरक्षा और स्वच्छता: साफ-सफाई, पीने का पानी, पंखे, सेफ्टी इक्विपमेंट और सुरक्षित वातावरण कंपनी को उपलब्ध कराना होगा।
काम के घंटे: अधिकतम 8 घंटे प्रतिदिन / 48 घंटे साप्ताहिक, इससे अधिक काम पर ओवरटाइम भुगतान जरूरी।
यूनियन और हड़ताल का अधिकार: मजदूरों को शांतिपूर्ण हड़ताल और यूनियन बनाने का कानूनी अधिकार।
मजदूरों की उम्मीद – “अब प्रशासन से न्याय की आस”
मजदूरों का कहना है कि अब जब प्रशासन इस मामले में सक्रिय हुआ है, तो उन्हें उम्मीद है कि वेतन सहित बाकी सुविधाएं भी जल्द ही मिलेंगी।






