शिक्षा, संविधान और पोषण पर विशेषज्ञों ने दिया मार्गदर्शन, छात्राओं ने लिया बढ़-चढ़कर हिस्सा
खरगोन। The India Speaks Desk
शासकीय कन्या महाविद्यालय (जीडीसी), खरगोन में स्वामी विवेकानंद प्रकोष्ठ एवं राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई के संयुक्त तत्वावधान में भारत रत्न डॉ. भीमराव अम्बेडकर की 135वीं जयंती एवं पोषण पखवाड़ा के उपलक्ष्य में एक संगोष्ठी एवं कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम संस्था प्राचार्य डॉ. आरके यादव की अध्यक्षता में सम्पन्न हुआ, जबकि कार्यक्रम की रूपरेखा डॉ. ममता गोयल द्वारा प्रस्तुत की गई।
अम्बेडकर के विचारों से प्रेरणा लेने का आह्वान
कार्यक्रम में सेवानिवृत्त क्रीड़ा अधिकारी डॉ. बीएल भाटे ने अपने उद्बोधन में कहा कि डॉ. अम्बेडकर के जीवन दर्शन से प्रेरणा लेते हुए हमें अपने अधिकारों के साथ-साथ कर्तव्यों का भी ईमानदारी से पालन करना चाहिए। उन्होंने पोषण अभियान के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि बच्चों के प्रारंभिक छह वर्ष अत्यंत महत्वपूर्ण होते हैं, जिनमें खेल आधारित शिक्षा के माध्यम से समग्र विकास संभव है।
शिक्षा से ही संभव है सामाजिक परिवर्तन
नारी शक्ति वंदन पखवाड़ा (10 से 25 अप्रैल 2026) के अंतर्गत आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में अजीम प्रेमजी फाउंडेशन, खरगोन से श्री अवधेश प्रताप सिंह उपस्थित रहे। उन्होंने अम्बेडकर, शिक्षा और समाज विषय पर अपने विचार रखते हुए कहा कि डॉ. बीआर अम्बेडकर ने शिक्षा को सामाजिक परिवर्तन का सबसे सशक्त माध्यम बताया था।
“भारतीय संविधान एक जीवंत और प्रगतिशील दस्तावेज है, जिसके अनुरूप हमें निरंतर आत्ममंथन और सुधार की आवश्यकता है।”
छात्राओं को संविधानिक मूल्यों पर चलने की प्रेरणा
प्राचार्य डॉ. आरके यादव ने अपने संबोधन में छात्राओं को डॉ. अम्बेडकर के विचारों को जीवन में आत्मसात करने तथा संविधानिक मूल्यों के अनुरूप आचरण करने का आह्वान किया। उन्होंने सामाजिक उत्तरदायित्व निभाने के लिए भी प्रेरित किया।
प्रदर्शनी और क्विज में छात्राओं की उत्साहपूर्ण भागीदारी
कार्यक्रम के दौरान डॉ. अम्बेडकर के जीवन एवं दर्शन पर आधारित प्रदर्शनी एवं क्विज प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम का संचालन डॉ. मनीषा चौहान द्वारा किया गया तथा आभार प्रदर्शन डॉ. धर्मेन्द्र भालसे ने किया।
स्टाफ और छात्राओं की रही उपस्थिति
इस अवसर पर महाविद्यालय का समस्त स्टाफ एवं बड़ी संख्या में छात्राएं उपस्थित रहीं, जिससे कार्यक्रम सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ।












