एचएसवीपी अधिकारियों को भेजा रजिस्टर्ड पत्र, रजिस्ट्रेशन नंबर 1266 की सत्यता जांचने की मांग
सोनीपत। राजेंद्र करनाल | The India Speaks
हुडा जन स्वास्थ्य कर्मचारी यूनियन नंबर 1266 को लेकर विवाद गहरा गया है। यूनियन के प्रदेश अध्यक्ष आर.के. नागर ने एचएसवीपी के सभी अधिकारियों को रजिस्टर्ड पत्र भेजकर यूनियन के रजिस्ट्रेशन नंबर 1266 के असली और नकली होने की जांच कराने की मांग की है।
आर.के. नागर ने प्रेस के समक्ष जारी बयान में दावा किया कि हुडा जन स्वास्थ्य कर्मचारी यूनियन का रजिस्ट्रेशन नंबर 1266 दिनांक 28 फरवरी 1996 से उनके नाम तथा मुख्यालय सोनीपत के नाम पर पंजीकृत है। उन्होंने कहा कि इसके सभी दस्तावेजी प्रमाण उनके पास उपलब्ध हैं और संबंधित अधिकारियों को भी भेजे गए हैं।
फर्जी नेतृत्व का लगाया आरोप
प्रदेश अध्यक्ष आर.के. नागर ने आरोप लगाया कि गुरुग्राम निवासी सुशील ठाकरान स्वयं को राज्य प्रधान, पंचकूला निवासी जय नारायण स्वयं को महासचिव तथा जींद निवासी सतपाल कुंडू स्वयं को राज्य चेयरमैन बताकर यूनियन का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि इन लोगों के पास यूनियन के रजिस्ट्रेशन से संबंधित कोई वैध रिकॉर्ड अथवा दस्तावेज उपलब्ध नहीं हैं।
नकली चुनाव कराने का भी आरोप
आर.के. नागर ने आरोप लगाया कि 12 मई 2026 को सोनीपत में यूनियन के नाम पर कथित रूप से फर्जी चुनाव कराए गए, जिनमें टीनू मदान को जिला प्रधान, महावीर नगर को जिला सचिव तथा सतीश शर्मा को जिला चेयरमैन घोषित किया गया। उनके अनुसार इस घटनाक्रम से कर्मचारियों के बीच भ्रम और विवाद की स्थिति पैदा हुई है।
अधिकारियों से निष्पक्ष जांच की मांग
प्रदेश अध्यक्ष ने बताया कि उन्होंने एचएसवीपी के सभी अधीक्षक अभियंताओं और अन्य अधिकारियों को पत्र भेजकर संबंधित पक्षों से यूनियन का रजिस्ट्रेशन नंबर, दस्तावेज और अन्य रिकॉर्ड प्रस्तुत कराने की मांग की है। उनका कहना है कि निष्पक्ष जांच से वास्तविक स्थिति स्पष्ट होगी और भविष्य में किसी प्रकार के विवाद या टकराव की संभावना समाप्त हो सकेगी।
दस्तावेज भेजने का दावा
आर.के. नागर ने कहा कि उन्होंने अपने पक्ष में उपलब्ध सभी दस्तावेज और प्रमाण संबंधित अधिकारियों को भेज दिए हैं। साथ ही उन्होंने मीडिया संस्थानों से भी इस मामले को प्रमुखता से प्रकाशित करने की अपील की है ताकि सत्य सामने आ सके और न्याय सुनिश्चित हो सके।











