कीर्तन, लंगर और संगत के साथ गूंजा गुरुद्वारा साहिब, सेवा और समानता का दिया संदेश
बड़वाह। The India Speaks Desk
सिख धर्म के दूसरे गुरु, श्री गुरु अंगद देव जी का प्रकाश पर्व बड़वाह की सिख संगत द्वारा धूमधाम और श्रद्धा के साथ मनाया गया। इस अवसर पर गुरुद्वारा साहिब में विशेष धार्मिक आयोजन किए गए, जहां बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने पहुंचकर मत्था टेका और गुरु साहिब की शिक्षाओं का स्मरण किया।
गुरु अंगद देव जी के जीवन से मिली प्रेरणा
समिति के अध्यक्ष सरदार सुरेंदर सिंह ने बताया कि यह पावन दिवस गुरु साहिब के जीवन, उनकी विनम्रता और मानवता के प्रति समर्पण को समर्पित है। उन्होंने कहा कि गुरु अंगद देव जी का जीवन समाज को सेवा, प्रेम और समानता का संदेश देता है।
गुरुमुखी लिपि और लंगर परंपरा को दिया विस्तार
सचिवद्वय सरदार परविंदर सिंह एवं सरदार गुलबीर सिंह ने बताया कि श्री गुरु अंगद देव जी ने गुरुमुखी लिपि के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दिया और लंगर प्रथा को सुदृढ़ किया, जिससे समाज में समानता और भाईचारे की भावना मजबूत हुई।
“गुरु अंगद देव जी का प्रकाश पर्व हमें सेवा, प्रेम और समानता के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है।”
लंगर सेवा में समाज का योगदान
इस अवसर पर समाजसेवी एवं जीवन बीमा व्यवसायी प्रदीप अग्रवाल (चोरल) की ओर से गुरुद्वारा साहिब में संगत के लिए लंगर का आयोजन किया गया। श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण कर सेवा भाव का अनुभव किया।
संगत ने जताया आभार
कार्यक्रम के अंत में सरदार हरविंदर सिंह, सरदार राजेंद्र सिंह, सरदार गुरबख्श सिंह और सरदार रविंदर सिंह ने उपस्थित संगत एवं सहयोगकर्ताओं का आभार व्यक्त किया।












