संविधान के प्रति निष्ठा, अनुशासन और राष्ट्र सुरक्षा के संकल्प के साथ प्रशिक्षणार्थियों का हुआ गौरवपूर्ण दीक्षांत समारोह
बड़वाह। लोकेश कोचले| The India Speaks
केन्द्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) के क्षेत्रीय प्रशिक्षण केन्द्र बड़वाह में शनिवार को 6वें बैच के आरक्षक/जीडी/एक्स सर्विसमैन प्रशिक्षणार्थियों का भव्य दीक्षांत परेड एवं शपथ ग्रहण समारोह आयोजित किया गया। गरिमामय वातावरण में आयोजित इस समारोह में कुल 161 प्रशिक्षणार्थियों ने राष्ट्र सेवा, संविधान के प्रति निष्ठा और कर्तव्य पालन की शपथ लेकर अपने सुरक्षा बल जीवन की नई शुरुआत की।
समारोह की मुख्य अतिथि सीआईएसएफ सेंट्रल सेक्टर की महानिरीक्षक श्रीमती नीलिमा रानी सिंह रहीं। कार्यक्रम की अध्यक्षता क्षेत्रीय प्रशिक्षण केन्द्र बड़वाह के प्राचार्य श्री चंदनशिवे अमोल सी. ने की। इस अवसर पर प्रशिक्षणार्थियों को औपचारिक रूप से शपथ दिलाई गई तथा प्रशिक्षण कार्यक्रम का विस्तृत विवरण प्रस्तुत किया गया।
17 सप्ताह तक चला अनुशासन और दक्षता का विशेष प्रशिक्षण
प्राचार्य श्री चंदनशिवे अमोल सी. ने बताया कि सभी प्रशिक्षणार्थियों को 17 सप्ताह का कठोर, अनुशासित और व्यावहारिक प्रशिक्षण प्रदान किया गया। इस दौरान उन्हें विभिन्न चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में संयम बनाए रखने, अनुशासन का पालन करने और सुरक्षा संबंधी दायित्वों का प्रभावी निर्वहन करने की विशेष शिक्षा दी गई।
उन्होंने कहा कि प्रशिक्षणार्थियों ने अपने परिवारों से दूर रहकर कठिन परिश्रम, समर्पण और लगन के साथ प्रशिक्षण पूरा किया है, जो उनके उज्ज्वल भविष्य की मजबूत नींव साबित होगा।
दीक्षांत समारोह के दौरान प्रशिक्षण अवधि में आंतरिक एवं बाह्य विषयों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रशिक्षणार्थियों तथा परेड कमांडर को पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया गया। सम्मान प्राप्त करने वाले जवानों की उपलब्धियों की सराहना करते हुए उन्हें भविष्य के लिए शुभकामनाएं दी गईं।
राष्ट्र सुरक्षा में समर्पित योगदान देने का आह्वान
अपने संबोधन में मुख्य अतिथि श्रीमती नीलिमा रानी सिंह ने प्रशिक्षणार्थियों को संविधान के प्रति पूर्ण निष्ठा रखने, ईमानदारी से कार्य करने तथा राष्ट्र सुरक्षा के प्रति समर्पित रहने का संदेश दिया।
“देश की सुरक्षा और नागरिकों के विश्वास को बनाए रखना सुरक्षा बलों की सबसे बड़ी जिम्मेदारी है। ईमानदारी, अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा ही एक उत्कृष्ट जवान की पहचान होती है।”
उन्होंने सभी प्रशिक्षणार्थियों एवं पुरस्कार विजेताओं को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
कार्यक्रम के समापन अवसर पर प्रशिक्षणार्थियों एवं स्टाफ द्वारा विभिन्न साहसिक, रोमांचक और आकर्षक प्रदर्शनों की प्रस्तुति दी गई। इन प्रस्तुतियों ने उपस्थित अधिकारियों, अतिथियों एवं दर्शकों का मन मोह लिया। पूरे समारोह के दौरान देशभक्ति, अनुशासन और उत्साह का वातावरण देखने को मिला।
समारोह में आयोजित परेड, सम्मान वितरण एवं अन्य गतिविधियों की झलकियां।”




















