“महिला विरोधी मानसिकता की सजा जनता जरूर देगी” — करनाल में बोले यूपी के राज्य मंत्री
करनाल। राजेंद्र करनाल | The India Speaks
महिला आरक्षण बिल को लेकर सियासत तेज हो गई है। उत्तर प्रदेश के पिछड़ा वर्ग कल्याण एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग के स्वतंत्र प्रभार राज्य मंत्री 0 ने कांग्रेस और उसकी सहयोगी पार्टियों पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कांग्रेस को “देश और समाज विरोधी” बताते हुए कहा कि महिला आरक्षण बिल का विरोध करना “घोर पाप” है और इसकी सजा जनता जरूर देगी।
महिला आरक्षण पर कांग्रेस को घेरा
मंत्री कश्यप ने कहा कि अगर महिला आरक्षण बिल पारित हो जाता, तो देश की महिलाओं को 33 प्रतिशत सीटों पर चुनाव लड़ने का अवसर मिलता। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री 1 महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए प्रतिबद्ध हैं, लेकिन कांग्रेस के विरोध के चलते यह संभव नहीं हो पाया।
“कांग्रेस ने अपनी वोटिंग के जरिए देश की आधी आबादी के हितों के खिलाफ काम किया है, महिला शक्ति इसे कभी माफ नहीं करेगी।”
अंबेडकर को लेकर भी साधा निशाना
कश्यप ने कांग्रेस के लंबे शासनकाल पर सवाल उठाते हुए कहा कि 55 साल तक सत्ता में रहने के बावजूद पार्टी 2 को उनका उचित सम्मान नहीं दे पाई। उन्होंने दावा किया कि भाजपा सरकार ने पिछले 11 वर्षों में अंबेडकर से जुड़े प्रमुख स्थलों को राष्ट्रीय पहचान दिलाई है।
सामाजिक न्याय और योजनाओं पर जोर
मंत्री ने “सबका साथ, सबका विकास” के मंत्र को दोहराते हुए कहा कि केंद्र सरकार अनुसूचित जाति और पिछड़ा वर्ग के उत्थान के लिए लगातार काम कर रही है। उन्होंने बताया कि उत्तर प्रदेश में बाबा साहब के नाम पर 500 करोड़ रुपये की विशेष योजना जल्द शुरू होगी।
राष्ट्रीय स्तर के मंथन कार्यक्रम की जानकारी
कश्यप ने बताया कि चंडीगढ़ में सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय से जुड़े मुद्दों पर तीन दिवसीय राष्ट्रीय मंथन कार्यक्रम आयोजित होने जा रहा है, जिसमें देशभर के मंत्री और अधिकारी भाग लेंगे।
हरियाणा सरकार की भी सराहना
हरियाणा सरकार की तारीफ करते हुए उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में राज्य विकास के मार्ग पर तेजी से आगे बढ़ रहा है और हर वर्ग के लिए योजनाएं लागू की जा रही हैं।
भव्य स्वागत और बड़ी उपस्थिति
कार्यक्रम के दौरान मंत्री नरेंद्र कश्यप का पगड़ी और शॉल पहनाकर भव्य स्वागत किया गया। इस अवसर पर विभिन्न सामाजिक संगठनों के पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि और समाज के गणमान्य लोग बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।












